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वक्फ बिल के खिलाफ कांग्रेस के बाद अब AAP के MLA अमानतुल्लाह खान पहुंचे सुप्रीम कोर्ट

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Apr 5, 2025    150814 views     Online Now 379

Waqf Amendment Bill: आम आदमी पार्टी के ओखला विधायक अमानतुल्लाह खान ने वक्फ संशोधन विधेयक के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका प्रस्तुत की है. उन्होंने इस विधेयक को असंवैधानिक घोषित करने की मांग की है और इसके लागू होने पर रोक लगाने की भी अपील की है. अमानतुल्लाह खान का कहना है कि संशोधित कानून मुसलमानों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करता है.

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उन्होंने यह व्यक्त किया है कि यह विधेयक मुसलमानों की धार्मिक और सांस्कृतिक स्वतंत्रता को सीमित करता है, मनमाने प्रशासनिक हस्तक्षेप को बढ़ावा देता है और अल्पसंख्यकों के अपने धार्मिक और धर्मार्थ संस्थानों के प्रबंधन के अधिकारों को कमजोर करता है.

मोहम्मद जावेद और असदुद्दीन ओवैसी ने भी दी सुप्रीम कोर्ट में चुनौती

कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद और एआईएमआईएम के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट में वक्फ संशोधन विधेयक, 2025 की वैधता को चुनौती दी है. उन्होंने इस विधेयक को संवैधानिक प्रावधानों के खिलाफ बताते हुए कहा कि इसमें वक्फ संपत्तियों और उनके प्रबंधन पर ‘मनमाने प्रतिबंध’ लगाने के प्रावधान शामिल हैं, जो मुस्लिम समुदाय की धार्मिक स्वायत्तता को कमजोर कर सकते हैं.

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अधिवक्ता अनस तनवीर द्वारा प्रस्तुत याचिका में यह आरोप लगाया गया है कि विधेयक में मुस्लिम समुदाय के प्रति भेदभाव किया गया है, क्योंकि इसमें ऐसे प्रतिबंध शामिल हैं जो अन्य धार्मिक व्यवस्थाओं में नहीं पाए जाते.

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असदुद्दीन ओवैसी की याचिका वकील लजफीर अहमद द्वारा प्रस्तुत की गई. इस याचिका में यह तर्क किया गया है कि वक्फ की सुरक्षा को कम करना, जबकि अन्य धर्मों के धार्मिक और धर्मार्थ संस्थानों की सुरक्षा को बनाए रखना, मुसलमानों के प्रति भेदभावपूर्ण दृष्टिकोण है. यह संविधान के अनुच्छेद 14 और 15 का उल्लंघन करता है, जो धर्म के आधार पर भेदभाव को रोकता है.

यह ध्यान देने योग्य है कि राज्यसभा में 128 सदस्यों ने विधेयक के पक्ष में और 95 ने इसके विरोध में मतदान किया, जिसके परिणामस्वरूप इसे पारित किया गया. लोकसभा ने तीन अप्रैल को इस विधेयक को स्वीकृति दी थी, जहां 288 सदस्यों ने इसका समर्थन किया, जबकि 232 ने इसका विरोध किया.

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